आरयू वेब टीम। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने मन की बात मासिक रेडियो कार्यक्रम के जरिए देशवासियों को संबोधित किया। इसमें पीएम मोदी ने दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित इंडिया एआइ इंपैक्स समिट की सराहना की। साथ ही कहा कि इस समिट में दुनिया ने एआई के क्षेत्र में भारत की अद्भुत क्षमता को देखा।
पीएम मोदी ने मन की बात कार्यक्रम के दौरान देश को संबोधित करते हुए कहा कि ये अब तक की सबसे बड़ी एआई समिट है। इस एआइ समिट के प्रति युवाओं में भी खास जोश देखने को मिला। साथ ही इस समिट में दुनिया ने एआई के क्षेत्र में भारत की मजबूत क्षमता को देखा। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआइ) अब सिर्फ बड़े उद्योगों तक सीमित नहीं रहा है, बल्कि अब ये पशुओं के इलाज और किसानों की मदद का भी काम कर रहा है।
आगे कहा कि एआइ समिट के दौरान मोदी ने विश्व नेताओं और टेक कंपनियों के प्रमुखों को प्रदर्शनी में दिखाया कि किस तरह एआइ के जरिए पशुओं की बीमारियों की पहचान की जा रही है। पीएम मोदी ने कहा कि, अब किसान चौबीस घंटे सातों दिन एआइ की मदद से अपनी डेयरी और पशुधन की निगरानी कर रहे हैं, जिससे उत्पादन और देखभाल में काफी लाभ मिल रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात कार्यक्रम के दौरान कहा कि, एआइ समिट में दो भारतीय उत्पादों ने वैश्विक नेताओं को काफी प्रभावित किया। इनमें एक अमूल के बूथ पर प्रदर्शित किया गया, जहां बताया गया कि एआइ की मदद से पशुओं के इलाज को बेहतर बनाया जा रहा है। इसके जरिए किसान 24 घंटे अपनी डेयरी और पशुओं का रिकॉर्ड रख सकते हैं। पीएम ने बताया कि इससे दूध उत्पादन, स्वास्थ्य निगरानी और प्रबंधन में बड़ी सुविधा मिली है।
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इसमें दूसरा उत्पाद भारत की संस्कृति से जुड़ा हुआ था। पीएम ने कहा कि इसमें दिखाया गया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के माध्यम से प्राचीन ग्रंथों, पांडुलिपियों और पारंपरिक ज्ञान को सुरक्षित रखा जा रहा है। पीएम ने कहा कि, उन्हें डिजिटल रूप में नई पीढ़ी के अनुरूप तैयार किया जा रहा है। इस पहल को देखकर कई देशों के प्रतिनिधि हैरान रह गए और भारत की तकनीकी और सांस्कृतिक पहल की सराहना भी की।




















