ऑफलाइन तबादला सूची जारी नहीं होने से नाराज शिक्षकों ने किया शिक्षा निदेशालय पर प्रदर्शन

ऑफलाइन ट्रांसफर लिस्ट
शिक्षा निदेशालय पर प्रदर्शन करते शिक्षक।

आरयू ब्यूरो, लखनऊ। माध्यमिक शिक्षा विभाग द्वारा एडेड माध्यमिक स्कूलों के शिक्षकों की ऑफलाइन ट्रांसफर लिस्ट (तबादला सूची) जारी न करने से नाराजगी जाहिर की है। शिक्षक गुरुवार को पार्क रोड स्थित शिक्षा निदेशालय पर प्रदर्शन किया। शिक्षक लंबे समय से इस सूची के जारी होने का इंतजार कर रहे थे, लेकिन जब कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, तो उन्होंने धरना देने का रास्ता अपनाया।

प्रदर्शन कर रहे हैं शिक्षकों का कहना है कि पहले विभाग ने ऑफलाइन ट्रांसफर के लिए सभी फॉर्मेलिटीज पूरी कराई। शासनादेश जारी तक कर कहा कि 30 जून तक इसकी लिस्ट जारी हो जाएगी। अब विभाग के अफसर कहते हैं कि सिर्फ विशेष परिस्थितियों में ही ऑफलाइन ट्रांसफर होंगे। ये विशेष परिस्थितियां कौन से ही है और आखिर क्यों फिजूल में सब फाइलें चलवाई गई। कई शिक्षकों ने नई जगह पर बच्चों के एडमिशन करा लिए।

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साथ ही परिवार में भी सभी को ट्रांसफर लोकेशन पर शिफ्ट कर दिया पर अब तक ट्रांसफर ना होने से वह अधर में है। अभी तो शिक्षकों की आह से सिर्फ माध्यमिक शिक्षा मंत्री का एक्सीडेंट हुआ है। यदि ऐसे ही शिक्षकों की अनदेखी जारी रही तो और गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे। शिक्षकों का कहना था कि उन्होंने ऑफलाइन स्थानांतरण के लिए अब तक करीब 1750 शिक्षकों ने आवेदन किए हैं, लेकिन विभाग की ओर से स्थानांतरण सूची जारी नहीं की गई।

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प्रदर्शनकारियों ने “ऑफलाइन स्थानांतरण की सूची जारी करो”, “इंकलाब जिंदाबाद” जैसे नारे लगाए और कहा कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन तेज किया जाएगा। शिक्षकों ने आरोप लगाया कि धरना कैंप लगाए गए थे, वहां बिजली तक काट दी गई, जिससे उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ा। धरने के दौरान निदेशालय भवन में माध्यमिक शिक्षा विभाग के सभी वरिष्ठ अधिकारियों की समीक्षा बैठक भी चल रही थी। प्रदर्शन कर रहे शिक्षकों ने अधिकारियों से तत्काल हस्तक्षेप करने और स्थानांतरण सूची जारी करने की मांग की।

संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि वर्षों से एक ही स्थान पर कार्यरत शिक्षक मानसिक और पारिवारिक तनाव में हैं। सरकार को ऑफलाइन प्रणाली के तहत स्थानांतरण प्रक्रिया शुरू करनी चाहिए। शिक्षकों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द निर्णय नहीं लिया गया, तो वे राज्यभर में आंदोलन को व्यापक रूप देंगे।

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