आरयू ब्यूरो, लखनऊ। लखनऊ में शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) को लेकर शिक्षकों ने आज प्रदर्शन किया। जगत नारायण मार्ग स्थित जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय पर धरना देते हुए पूर्व सेवारत शिक्षकों के लिए टीईटी अनिवार्यता का जमकर विरोध किया। इस दौरान शिक्षकों ने शोषण होने का आरोप लगाते हुए नारेबाजी की। मौके पर पहुंचे पुलिस अफसर राज कुमार सिंह के माध्यम से शिक्षकों प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजा।
टीचर फेडरेशन ऑफ इंडिया के प्रांतीय उपाध्यक्ष सुधांशु मोहन ने मीडिया से बताया कि साल 2025 में सुप्रीम कोर्ट ने सभी शिक्षकों की टीईटी की अनिवार्यता का आदेश दिया। जो किसी भी स्तर पर सही नहीं है। कोर्ट के इस आदेश के बाद शिक्षक मानसिक प्रताड़ना के शिकार हो रहे हैं। गुरुवार को प्रधानमंत्री के नाम पुलिस को ज्ञापन दिया गया है। टीईटी अनिवार्यता के आदेश को खत्म करने की मांग की गई।
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वहीं प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने सिटी स्टेशन की सड़क जाम किया। शिक्षा भवन परिसर में तीन घंटे से अधिक समय तक धरना दिया। इस दौरान शिक्षकों में काफी रोष नजर आया। शिक्षकों ने चेतावनी दी कि अब दिल्ली में जाम किया जाएगा।
प्रदर्शन के दौरान मंत्री वीरेंद्र सिंह, कोषाध्यक्ष फहीम बेग,टीचर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष वंदना सक्सेना, अजय सिंह, महेंद्र कुमार, अवधेश कुमार, प्रदीप सिंह, जितेंद्र कुमार, योगेंद्र सिंह, अतीश कुमार सहित तमाम पदाधिकारी मौजूद रहे।




















