आरयू वेब टीम। संसद के बजट सत्र के दूसरे चरण में वक्फ संशोधन विधेयक लोकसभा में बुधवार पेश किया गया। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस इस विधेयक के विरोध में है। इस बीच सहारनपुर से कांग्रेस के सांसद इमरान मसूद ने मांग करते हुए कहा कि मैं राम जी का वंशज हूं,मुझे मंदिर ट्रस्ट (अयोध्या राम मंदिर) में शामिल किया जाए। साथ ही सवाल किया कि वक्फ बोर्ड में गैर मुस्लिमों की क्या भूमिका है?
संसद परिसर में मीडिया के सवाल का जवाब देते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रॉपर्टी वक्फ इसलिए की जाती है ताकि इसकी कमाई यतीमों और मिस्कीनों के काम आ सकें। इससे बेसहारों को सहारा मिलता है। यूपी में आपने 78 फीसदी वक्फ की संपत्ति विवादास्पद कर घोषित कर दी। कल को कोई भी आकर मालिकाना हक का दावा कर देगा।
वहीं सांसद ने गैर मुस्लिमों की नियुक्ति पर कहा कि वक्फ में 22 सदस्य होंगे। 12 से अधिक गैर मुस्लिम होंगे। उनको क्या पता वक्फ क्या है। आप मुझे राम मंदिर ट्रस्ट में करा दीजिए। मैं भी राम जी का वंशज हूं। बताओ मुझे नहीं हूं तो, मैं साबित कर दूंगा कि राम जी का वंशज हूं।
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इस दौरान एनडीए के सहयोगियों के संदर्भ में इमरान मसूद ने कहा कि अगर आज टीडीपी, जदयू ने इस मुद्दे पर मुस्लिमों का साथ नहीं दिया तो मुसलमान कभी माफ नहीं करेगा। सहारनपुर से कांग्रेस सांसद और जेपीसी सदस्य इमरान मसूद ने कहा कि ‘हम चर्चा के लिए तैयार हैं, लेकिन मैं आपको सच बताना चाहता हूं। सरकार बार-बार कह रही है कि मुसलमानों को कुछ नहीं होगा, लेकिन उन्होंने एक प्रावधान किया है कि कोई भी संपत्ति जो सरकारी संपत्ति है, जिसमें सरकार की हिस्सेदारी है, विवादित है, वह संपत्ति तब तक वक्फ नहीं मानी जाएगी जब तक कि उसकी जांच किसी नामित अधिकारी द्वारा न की जाए, विवादित संपत्ति वक्फ नहीं रहेगी।