बोले स्वामी प्रसाद मौर्य, “धर्म की आड़ में जनता के मुद्दों की अनदेखी कर रही योगी सरकार, युवाओं को रोजगार मिल रहा न गरीबों को इलाज”

स्वामी प्रसाद मौर्य
मीडिया से बात करते स्वामी प्रसाद मौर्य।

आरयू ब्यूरो, लखनऊ। अपनी जनता पार्टी के चीफ स्वामी प्रसाद मौर्य ने शिक्षा, कानून-व्यवस्था और रोजगार समेत अन्‍य जनहित मुद्दों के लिये आज योगी सरकार पर हमला बोला। साथ ही सरकार पर संविधान की भावना के विपरीत काम करने का आरोप लगाते हुए कहा कि योगी सरकार धर्म की दुहाई देकर जनता से जुड़े असल मुद्दों की अनदेखी कर रही है।

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आज एक प्रेसवार्ता में स्वामी प्रसाद ने सरकार को निशाने पर लेते हुए कहा कि उत्‍तर प्रदेश में युवाओं को रोजगार नहीं मिल रहा, गरीबों को बेहतर इलाज के लिए भटकना पड़ रहा और सरकारी भर्तियों में भी मनमानी की जा रही है। जबकि एजेपी प्रमुख ने आरक्षण, मतदाता सूची के पुनरीक्षण और ईवीएम से चुनाव कराने को लेकर भी सरकार तथा निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए।

सरकारी संस्थानों को निजी हाथों में सौंप दिया

योगी सरकार पर हमला जारी रखते हुए स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा भाजपा सरकार की नीतियों के कारण युवाओं के सामने रोजगार का संकट खड़ा हो गया है। सरकारी नौकरियों के अवसर कम किए गए और कई सरकारी संस्थानों को निजी हाथों में सौंप दिया गया, जबकि शिक्षा व्यवस्था का मुद्दा उठाते हुए स्वामी प्रसाद ने दावा किया कि प्रदेश में एक लाख से अधिक प्राथमिक स्कूल बंद हो चुके हैं।

आगे कहा कि सरकार शिक्षा को लेकर गंभीर नहीं है और इसका असर आमजनों के बच्चों पर पड़ रहा है। इस दौरान स्वामी प्रसाद ने अपनी जनता पार्टी की ओर से किए गए आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि पार्टी ने अपने विरोध के जरिए सरकार को पीछे हटने पर मजबूर किया। साथ ही शिक्षा को हर बच्चे का अधिकार बताते हुए सरकारी स्कूलों की व्यवस्था सुधारने की जरूरत पर जोर दिया।

स्वास्थ्य सेवाओं में कमी सै मरीज परेशान 

स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर यूपी के पूर्व कैबिनेट मंत्री ने योगी सरकार को घेरते हुए कहा कि प्रदेश के जिलों में मेडिकल कॉलेज होने के बावजूद मरीजों को इलाज के लिए दूसरे अस्पतालों में रेफर किया जा रहा है। अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी और जरूरी मशीनें न होने से मरीजों को परेशानी होती है। गरीब परिवारों को समय पर इलाज नहीं मिल पाता और कई लोगों की जान तक चली जाती है। वहीं गोरखपुर का उदाहरण देते हुए सवाल उठाया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गृह क्षेत्र में स्थित एम्स से भी मरीजों को दूसरे अस्पतालों में क्यों भेजा जा रहा है।

सरकार साबित हो रही नाकाम

मौर्य ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि राज्य में अपराध की घटनाओं पर लगाम लगाने में सरकार नाकाम साबित हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि नामजद होने के बावजूद कई आरोपित गिरफ्तारी से बचे रहते हैं। मौर्य के मुताबिक, अपराधियों पर सख्ती दिखाने के बजाय सरकार उन्हें संरक्षण देने में जुटी हुई है।

बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग

ईवीएम को लेकर स्वामी प्रसाद ने कहा कि उनकी पार्टी लगातार बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ईवीएम के दुरुपयोग करके चुनाव जीत रही है। जापान और अमेरिका का उदाहरण देते हुए बैलेट पेपर से मतदान कराने की बात कही। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रक्रिया ऐसी होनी चाहिए, जिससे मतदाताओं का भरोसा बना रहे और किसी भी तरह की गड़बड़ी की आशंका न हो।

RSS से जुड़े लोगों को पहुंचाया जा रहा फायदा

आरक्षण के मुद्दे पर एजेपी ने कहा कि इसे प्रभावहीन बनाया जा रहा है। स्‍वामी प्रसाद ने कहा कि सरकारी पदों पर भर्तियों में पारदर्शिता की कमी है और बीजेपी तथा आरएसएस से जुड़े लोगों को फायदा पहुंचाया जा रहा है। स्वामी प्रसाद ने मौजूदा सरकार पर संविधान की भावना के विपरीत काम करने का आरोप लगाते हुए कहा कि धर्म के नाम पर जनता के बुनियादी सवालों को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

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