आरयू ब्यूरो, लखनऊ। एसटीएस के वसूली वाले खुलासे के बाद यूपी सरकार ने परिवहन विभाग में बड़ी प्रशासनिक सर्जरी करते हुए कई वरिष्ठ अधिकारियों के कार्यक्षेत्र बदल दिए हैं। शनिवार को शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार, वाराणसी, मेरठ और सहारनपुर के आरटीओ सहित 18 एआरटीओ की नई तैनाती की गई है। विशेष सचिव खेमपाल सिंह ने इस संबंध में आधिकारिक सूची जारी कर दी है। सभी अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से अपने नए कार्यस्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्य RTO (प्रशासन) की नई तैनातियां
शासन ने तीन प्रमुख मंडलों में नए आरटीओ प्रशासन की जिम्मेदारी सौंपी है। जिनमें राघवेंद्र सिंह-आरटीओ प्रशासन वाराणसी, अम्बरीश कुमार-आरटीओ प्रशासन मेरठ, मनोज कुमार सिंह-आरटीओ प्रशासन, सहारनपुर।
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वहीं परिवहन व्यवस्था में सुधार के लिये और प्रवर्तन कार्यों में तेजी लाने के लिए 18 एआरटीओ की तैनाती की गई है। प्रमुख नियुक्तियां में अशोक कुमार श्रीवास्तव: गाजियाबाद, विंध्याचल कुमार गुप्ता: कानपुर, सतेंद्र कुमार यादव: मथुरा,
वैभव सोती: बरेली, उमेश चंद्र कटियार: रायबरेली (ओवरलोडिंग विवाद के बाद महत्वपूर्ण तैनाती), गुलाब चंद्र: अयोध्या, प्रतीक मिश्र: फतेहपुर, नीतू शर्मा: बुलंदशहर, देवदत्त कुमार: मेरठ (एआरटीओ प्राविधिक)
ये फेरबदल ऐसे समय में हुआ है जब बीते नवंबर में एसटीएफ ने लखनऊ, फतेहपुर और रायबरेली में ओवरलोडिंग वाहनों से अवैध वसूली के बड़े रैकेट का पर्दाफाश किया था। उस दौरान लखनऊ के एआरटीओ सहित कई अधिकारियों को निलंबित किया गया था।




















