समान वेतन व स्थायी नौकरी की मांग के लिए NAM कर्मियों ने ब्रजेश पाठक के आवास का किया घेराव

आउटसोर्सिंग
डिप्‍टी सीएम आवास के बाहर प्रदर्शन करतीं एएनएम कर्मी। आउटसोर्सिंग

आरयू ब्‍यूरो, लखनऊ। समान काम के लिए समान वेतन और स्थायी नौकरी की मांग कर रही संविदा और आउटसोर्सिंग महिला एएनएम कर्मियों का गुस्सा छठे दिन फूट पड़ा। एएनएम कर्मियों ने अपनी विभिन्न मांगों की सुनवाई न होती देख डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक के राजभवन कॉलोनी स्थित आवास का घेराव कर दिया और सड़क पर धरने पर बैठ गईं। इस बात की खबर लगने पर पुलिस और प्रशासन हरकत में आया और सड़क पर बैठी महिला एएनएम कर्मियों को बलपूर्वक वहां से हटाते हुए बसों में भरकर इको गार्डन भेज दिया।

वहीं प्रदर्शनकारी महिलाओं का आरोप है कि पिछले छह दिनों से लगातार आंदोलन और ज्ञापन सौंपने के बावजूद शासन-प्रशासन स्तर पर उनकी सुध नहीं ली जा रही है और उनकी मांगों को पूरी तरह नजरअंदाज किया जा रहा है। संविदा पर कार्यरत एएनएम कर्मचारियों ने समान काम के लिए समान वेतन और स्थायी नौकरी की मांग उठाते हुए कहा कि वे वर्षों से स्वास्थ्य विभाग में सेवाएं दे रही हैं, लेकिन उन्हें महज दस हजार रुपये प्रतिमाह वेतन मिल रहा है। जबकि बढ़ती महंगाई के दौर में दस हजार रुपये महीने में परिवार का खर्च चलाना मुश्किल है। उनका कहना है कि वे नियमित कर्मचारियों की तरह ही काम करती हैं, इसलिए उन्हें भी बराबर वेतन मिलना चाहिए।

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इस दौरान प्रदर्शन में शामिल एक एएनएम ने मीडिया से बातचीत में कहा कि इतने दिनों से वे इको गार्डन में प्रदर्शन कर रही हैं, जब उनकी आवाज नहीं सुनी गई तो उन्हें मजबूर होकर स्वास्थ्य मंत्री के आवास पर पहुंचना पड़ा। महिलाओं का कहना है कि वे इससे पहले भी कई बार डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक को ज्ञापन सौंप चुकी हैं, लेकिन हर बार उन्हें कोरे आश्वासन ही मिले हैं, जिससे उनमें आक्रोश और गहराता जा रहा है।

वहीं कर्मचारियों के मुताबिक प्रदेश के सभी 75 जिलों से एएनएम लखनऊ पहुंची हैं। इनमें ऐसी महिलाएं भी शामिल हैं। जो पिछले 15 से 20 वर्षों से स्वास्थ्य विभाग में काम कर रही हैं, लेकिन अब तक उन्हें स्थायी नियुक्ति नहीं मिली है। प्रदर्शन में शामिल कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय तक सेवाएं देने के बावजूद संविदा पर काम करना और कम वेतन मिलना उनके साथ अन्याय है। उन्होंने सरकार से नियमितीकरण की मांग पर जल्द निर्णय लेने की अपील की।

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