आरयू ब्यूरो, लखनऊ। कांग्रेस शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनावों में अपने दम पर उतरेगी। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा कि ये चुनाव सिंबल पर आधारित नहीं है, इस चुनाव में गठबंधन की कोई गुंजाइश नहीं है। कांग्रेस पूरे प्रदेश की सभी 11 सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े करेगी और चुनाव की तैयारियां जोर-शोर से शुरू कर दी गई हैं।
कार्यालय में पत्रकारों से बात करते हुए प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कई सीटों पर प्रत्याशियों के नामों की घोषणा भी की है। साथ ही प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार के संरक्षण में बच्चों को घटिया सिरप पिलाकर मौत के घाट उतारा जा रहा है। वहीं हैरानी जताते हुए कहा कि गोरखपुर सहित 13 जिलों में ड्रग इंस्पेक्टर की नियुक्ति नहीं है, जिससे प्रदेश में निगरानी तंत्र की कमजोरी का अंदाजा लगाया जा सकता है। इस दौरान ये भी आरोप लगाया कि यह पूरा खेल दवा माफियाओं को फायदा पहुंचाने के लिए किया जा रहा है।
घोषित किए यह प्रत्याशी
वहीं प्रत्याशियों की घोषणा करते हुए अजय राय ने वाराणसी से शिक्षक प्रत्याशी के रूप में संजय प्रियदर्शी और स्नातक प्रत्याशी अरविंद सिंह पटेल को मैदान में उतारा है। इसी क्रम में लखनऊ से स्नातक सीट पर देवमणि तिवारी, मेरठ से विक्रांत वशिष्ठ और आगरा से रघुराज पाल को पार्टी ने उम्मीदवार बनाया है। आगे कहा कि बाकी सीटों के प्रत्याशियों के नामों की घोषणा भी जल्द ही की जाएगी।
यह भी पढ़ें- अब अजय राय ने लगाया आरोप, PM मोदी ने वोट चोरी से जीती वाराणसी लोकसभा, कौशल राज को मिला इसका इनाम
इस दौरान अजय राय ने कहा कि कांग्रेस शिक्षकों, अधिवक्ताओं और युवाओं की समस्याओं का निदान कराने के लिए प्रतिबद्ध है। आगे बताया कि चुनाव के लिए पार्टी ने को-ऑर्डिनेटर नियुक्त किए हैं। साथ ही हर जिले में फार्म भरवाने का काम किया जा रहा है।
बसपा पहुंचाती है भाजपा को फायदा
इसके अलावा अजय राय ने आगे कहा कि लंबे समय बाद बसपा को कांशीराम की याद आई। उन्होंने आरोप लगाया कि बसपा की रैली में भाजपा की गाड़ी से दलितों को पहुंचाया गया है। उन्होंने दलितों को भ्रमित करने और बिहार चुनाव को प्रभावित करने की साजिश बताया, जो कामयाब नहीं होगी। दावा किया कि दलित समुदाय राहुल गांधी के साथ है, जबकि रायबरेली में हरिओम वाल्मीकि के मुद्दे पर मायावती और अन्य दलों की चुप्पी पर सवाल उठाया और कहा कि कांग्रेस उस परिवार के साथ खड़ी है।




















