आरयू ब्यूरो, लखनऊ। विकास कार्यों समेत कदम-कदम पर अभियंताओं की कमी के चलते होने वाली दिक्कतों से जूझ रहे लखनऊ विकास प्राधिकरण में प्रापर्टी अफसर का काम भी इंजीनियर से लिया जा रहा है। लंबे समय से एलडीए में तैनाती के चलते पिछले महीने शासन द्वारा गोरखपुर विकास प्राधिकरण तबादला किए जाने के बाद भी अधिशासी अभियंता मनोज सागर को डीएम सर्किल रेट बढ़ने से ठीक पहले होने वाली एलडीए के हजारों करोड़ की कॉमर्शियल प्रापर्टी की नीलामी कराने की जिम्मेदारी दी गयी है। ऐसे हालात तब है जब एलडीए में न सिर्फ जरूरत के उलट 25 प्रतिशत भी इंजीनियर नहीं बचे हैं, बल्कि प्रापर्टी का काम देखने में सक्षम दर्जनों अफसर भी तैनात हैं।
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बताते चलें कि विद्युत यांत्रिक के अधिशासी अभियंता होने के बाद भी मनोज सागर कई सालों से इलेक्ट्रिल के साथ ही सिविल और कॉमर्शियल व बल्क सेल का भी काम देख रहें हैं। हालांकि बीते सालों में अधिशासी अभियंताओं के रिटायर होने व तबादला हो जाने के बाद एलडीए में 15 की जगह पांच ही ईई बचे हैं, हालात ऐसे हैं कि एक एग्जीक्यूटिव इंजीनियर को तीन-तीन जोन देखना पड़ रहा, जबकि मानचित्र सेल में तो दो की जगह एक भी अधिशासी अभियंता की तैनाती नहीं हो पा रही।
वहीं संपत्ति अधिकारी का काम देखने में सक्षम प्राधिकरण व अन्य सेवाओं के अफसरों की संख्या वर्तमान में काफी ज्यादा है, इसके बाद भी कॉमर्शियल व बल्क सेल के काम में अफसरों को दरकिनार करने को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
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जानकारों की मानें तो एलडीए में पहली बार कोई अधिशासी अभियंता न सिर्फ कॉमर्शियल प्रापर्टी की नीलामी में मुख्य भूमिका निभा रहा, बल्कि लगातार कई नीलामी में रिकॉर्ड हजारों करोड़ की प्रापर्टी भी नीलाम कर चुका है। इससे पहले प्राधिकरण व अन्य सेवा के वरिष्ठ अफसरों को ही कॉमर्शियल व बल्क सेल का काम दिया जाता था।
गौरतलब है कि एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के निर्देश पर कल यानि चार जुलाई से प्राधिकरण ई-ऑक्शन पोर्टल खोल रहा। इस बार नीलामी में 60 वर्गमीटर के आवासीय भूखंडों और फ्लैटों के अलावा विभिन्न योजनाओं में स्थित ग्रुप हाउसिंग, स्कूल, नर्सिंग होम, मैरिज हॉल, फैसेल्टीज, होटल, फाइन डाइन व मिश्रित भू-उपयोग आदि के 300 से ज्यादा प्लॉट शामिल होंगे।
पिछली बार नीलाम की 450 करोड़ की प्रापर्टी
इस बारे में एलडीए सचिव विवेक श्रीवास्तव ने बताया है कि प्राधिकरण ने पिछले ई-ऑक्शन में लगभग 450 करोड़ की प्रापर्टी बेची है। उपाध्यक्ष के निर्देशा पर कल से फिर ई-ऑक्शन पोर्टल खोला जा रहा। प्रापर्टी खरीदने के इच्छुक लोग कल से अगामी चार अगस्त तक ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे। जिसके चार दिन बाद आठ अगस्त को आवेदकों के बीच ई-ऑक्शन किया जाएगा।
अपर सचिव ज्ञानेन्द्र वर्मा ने बताया कि हरदोई रोड स्थित बसंत कुंज योजना के सेक्टर-एच में नियोजित किये गये 60-60 वर्गमीटर के आवासीय प्लॉट भी इस ई-ऑक्शन में नीलाम होगा। जिसकी आरक्षित दर 32955 रूपये प्रति वर्गमीटर है।
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इसके अलावा गोमती नगर, गोमती नगर विस्तार, जानकीपुरम, जानकीपुरम विस्तार, शारदा नगर, सीजी सिटी, कानपुर रोड व ट्रांसपोर्ट नगर समेत अन्य योजनाओं में स्थित व्यावसायिक, मॉल/मल्टीप्लेक्स, सिटी क्लब, ग्रुप हाउसिंग, स्कूल, नर्सिंग होम, फैसेल्टीज, होटल, कम्यूनिटी सेंटर, सीएनजी स्टेशन/पेट्रोल पम्प, आवासीय व मिश्रित भू-उपयोग के प्लॉट भी इस ई-ऑक्शन के माध्यम से लिये जा सकेंगे।




















