आग से बचाव के लिए LDA ने होटल संचालकों को किया जागरूक तो अग्निकांड की आंच के बीच प्राधिकरण से अफसरों की छंटनी भी शुरू

होटल संचालक
होटल संचालकों को जानकारी देते एलडीए सचिव साथ में अन्‍य अफसर।

आरयू ब्‍यूरो, लखनऊ। अलीगंज अग्निकांड में 15 बेगुनाहों की मौत होने के बाद जागा लखनऊ विकास प्राधिकरण शहर में बहुमंजिला भवनों में अग्नि सुरक्षा मानकों का अनुपालन कराने के लिए जागरूकता एवं मॉनिटरिंग अभियान चला रहा। आज इसी क्रम में होटल एसोसिएशन के पदाधिकारियों एवं शहर के विभिन्न क्षेत्रों से आए होटल संचालकों के साथ इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के प्लूटो सभागार में बैठक की गयी।

साथ ही अपने सीलिंग अभियान के दूसरे दिन आज एलडीए ने दर्जनों कोचिंग सेंटर, लाइब्रेरी, डांस स्टूडियो, कंप्यूटर इंस्टीट्यूट, नर्सिंग होम समेत मानक विपरीत संचालित 55 प्रतिष्ठान सील, 78 के खिलाफ नोटिस जारी की है।

यह भी पढ़ें- 15 बेगुनाहों के मौत की जिम्‍मेदारी LDA ने 12 रिटायर इंजीनियर व मृत अभियंता पर डाली, अग्निकांड के कुल 19 दोषियों के खिलाफ दी शासन को रिपोर्ट

वहीं दूसरी ओर लखनऊ के सबसे बड़े अग्निकांड के कई वास्‍तिवक दोषी इंजीनियर व अफसरों पर आज भी शासन की ओर से कार्रवाई नहीं की गयी। हालांकि शासन ने लंबे समय से एलडीए में जमे अधिकारियों की आज से छंटनी जरूर कर दी है। इसकी शुरूआत करीब पांच सालों से एलडीए में तैनात अपर सचिव ज्ञानेंद्र वर्मा का तबादला कानपुर विकास प्राधिकरण के लिए करते हुए की गयी है।

यह भी पढ़ें- इंजीनियरों की कमी व अफसरों की भरमार के बावजूद LDA की हजारों करोड़ की प्रापर्टी नीलाम कराएंगे अधिशासी अभियंता

करा चुके हैं 20 हजार करोड़ की नीलामी!

कहा जाता है ज्ञानेंद्र वर्मा एक साल से मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ के जनपद गोरखपुर विकास प्राधिकरण के लिए अंडर ट्रांसफर चल रहे अधिशासी अभियंता (विद्युत यांत्रिक) मनोज सागर के साथ मिलकर करीब 20 हजार करोड़ से ज्‍यादा की संपत्ति की नीलामी कराने में अहम भूमिका निभा चुके थे। हालांकि कई बार इनकी नीलामी प्रक्रिया पर सवाल उठा चुका है। जिसके बाद एलडीए ने अरबों रुपयों की अपनी संपत्ति नीलामी करने के अगले दिन मीडिया को जारी होने वाली प्रेस नोट पर भी रोक लगा दी है। इसी क्रम में पिछले महीने हुई नीलामी की भी जानकारी सार्वजनिक नहीं की गयी, इसको लेकर भी एलडीए में तरह-तरह की चर्चाएं हैं।

यह भी पढ़ें- LDA ने नीलाम कर डाली 425 करोड़ की 132 प्रापर्टी, 16 दिन बाद दी मीडिया को जानकारी, उठें सवाल

रिलीव होंगे 12 साल से जमे अंडर ट्रांसफर इंजीनियर

ज्ञानेंद्र वर्मा के तबादले के बाद शासन द्वारा एक साल पहले जनहित में किए गए तबादलों का मान रखते हुए ईई मनोज सागर व नियम विरद्ध तरीके से करीब 12 साल से एलडीए में तैनात जेई अशीष श्रीवास्‍तव को भी कानपुर विकास प्राधिकरण के लिए एलडीए उपाध्‍यक्ष प्रथमेश कुमार रिलीव कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें- जिस इंजीनियर पर कमिश्‍नर ने की थीं कार्रवाई LDA में उसे ही एक साथ मिल गया चार अफसरों के पास काम, परेशान जोनल ने की VC से शिकायत

वहीं आइजीपी में आयोजित बैठक में आज एलडीए के अलावा अग्निशमन विभाग, विद्युत विभाग समेत अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में विशेष रूप से यह निर्देशित किया गया कि किचन में इस्तेमाल किये जाने वाले एलपीजी सिलेंडरों को सीढ़ियों, बेसमेंट अथवा संकुचित स्थानों पर न रखा जाए। एयर कंडीशन सर्किट पर अतिरिक्त विद्युत भार न डाला जाए तथा जनरेटर एवं बैटरियों को उचित वेंटिलेशन वाली जगहों पर स्थापित किया जाए। साथ ही यह स्पष्ट निर्देश जारी किए गए कि सभी भवनों में आपातकालीन निकास अनिवार्य रूप से उपलब्ध हों तथा उनमें किसी प्रकार का अवरोध न हो।

इसी तरह विद्युत सुरक्षा के दृष्टिगत अवगत कराया गया कि सभी संस्थानों में मानक गुणवत्ता की वायरिंग एवं आवश्यक सुरक्षा उपकरणों का उपयोग किया जाना अनिवार्य है। जिससे किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके। बैठक के दौरान अग्निशमन विभाग से संबंधित प्रश्नों एवं समस्याओं को भी गंभीरता से सुना गया तथा उनके त्वरित समाधान हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया।

यह भी पढ़ें- LDA ऑफिस में ही उड़ी ई-टेंडर की धज्जियां, तबादले के बाद भी जमे बेखौफ इंजीनियर बिना निविदा ही नई बिल्डिंग में करा रहें साढ़े चार करोड़ का रेनोवेशन

एलडीए सचिव विवेक श्रीवास्तव ने होटल संचालकों से अपील करते हुए कहा कि नागरिकों की सुरक्षा के दृष्टिगत निर्धारित मानकों का हर हाल में पालन सुनिश्चित कराया जाए। इसमें किसी भी तरह का उल्लंघन पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि अब एलडीए द्वारा भवन स्वीकृति से पूर्व सभी आवासीय एवं व्यावसायिक भवनों के लिए अग्नि सुरक्षा मानकों के अनुपालन हेतु नोटरीकृत शपथपत्र अनिवार्य किया गया है, साथ ही जिन भवनों में फायर एनओसी आवश्यक नहीं है वहां भी न्यूनतम मानकों का पालन सुनिश्चित करते हुए शपथपत्रों का अभिलेखीकरण व साप्ताहिक समीक्षा की जाएगी। सचिव ने कहा कि अगले चरण में जिम, कोचिंग सेंटर, क्लब, रेस्टोरेंट एवं विद्यालयों सहित अन्य संस्थानों के मालिकों/प्रबंधकों के साथ जागरूकता बैठक आयोजित की जाएंगी।

बैठक में एलडीए के मुख्य अभियंता मानवेन्द्र कुमार सिंह, मुख्य नगर नियोजक के.के. गौतम, संयुक्त सचिव सुशील प्रताप सिंह एवं सोम कमल सीताराम, अधीक्षण अभियंता नवनीत शर्मा, मुख्य अग्निशमन अधिकारी अंकुश मित्तल समेत अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

इसी के साथ ही सीलिंग के बारे में सचिव विवेक श्रीवास्तव ने मीडिया को बताया कि आज भी एलडीए के प्रवर्तन अनुभाग ने अग्निशमन विभाग व लखनऊ पुलिस की संयुक्त टीम के साथ अभियान चलाया। प्रवर्तन जोन-7 में संयुक्त सचिव सुशील प्रताप सिंह ने टीम के साथ ठाकुरगंज, बालागंज व दुबग्गा क्षेत्र में कार्रवाई की। जिसमें लक्ष्य एकेडमी, अमेरिकन इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ इंग्लिश, देवयोग लाइब्रेरी, रेवांता हॉस्पिटल, हनुमंत लाइब्रेरी समेत सात प्रतिष्ठान सील किये गये, जबकि 20 के खिलाफ नोटिस जारी किया गया है।

पत्रकारपुरम में आरोही कॉम्पलेक्स सील

प्रवर्तन जोन-1 के जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी ने टीम के साथ गोमती नगर के विराज खण्ड, विनीत खण्ड, विनय खण्ड, विकास खण्ड व विराम खण्ड में अभियान चलाया। जिसमें पत्रकारपुरम स्थित आरोही कॉम्पलेक्स, टाइम्स इंस्टीट्यूट, एजुकेयर, टॉपर्स इंस्टीट्यूट, त्रिवेणी  अल्मिराह, भूमि आई.ए.एस समेत 12 प्रतिष्ठानों को सील किया गया, जबकि 18 भवन मालिकों को नोटिस दिया गया है।

अलीगंज में 10 प्रतिष्ठान सील

प्रवर्तन जोन-4 में एसडीएम विपिन कुमार शिवहरे ने टीम के साथ कार्रवाई करते हुए आकार लाइब्रेरी, हनुमंत कॉम्पलेक्स, मेकअप स्टूडियो, ध्येय आई.ए.एस, शुभ रंजन कॉम्पलेक्स, टॉप रैंकर ज्ञान भवन समेत समेत 10 प्रतिष्ठान सील किये, जबकि 11 भवन मालिक/प्रबंधकों को नोटिस दिया गया है।

कृष्णानगर में 10 प्रतिष्ठानों पर गाज

प्रवर्तन जोन-2 के जोनल अधिकारी रवि नंदन सिंह की टीम ने कानपुर रोड योजना व कृष्णानगर क्षेत्र में अभियान चलाया। इस दौरान कौटिल्य एकेडमी, दिशा कंप्यूटर, कान्हा लाइब्रेरी, सागर लाइब्रेरी, महिन्द्रा कोचिंग, रेस आई.ए.एस समेत 10 प्रतिष्ठान सील किये गये, जबकि 11 को नोटिस दिया गया है।

जोन तीन में चार सीलिंग

इसके अलावा प्रवर्तन जोन-3 में जोनल अधिकारी अतुल कृष्ण सिंह ने अभियान चलाकर आदर्श कॉम्पलेक्स, नारायण कॉम्पलेक्स, वेदांत कप्यूटर एकेडमी समेत 04 प्रतिष्ठानों को सील किया।

हजरतगंज में छह प्रतिष्‍ठान लगा ताला

प्रवर्तन जोन-6 के जोनल अधिकारी प्रभाकर सिंह ने टीम के साथ हजरतगंज में अभियान चलाया। यहां कंचन आई.ए.एस लाइब्रेरी, एक्मे एकेडमी समेत 06 प्रतिष्ठान सील किये गये। वहीं, प्रवर्तन जोन-5 में साइलेंस जोन लाइब्रेरी, कोटा स्टडी फोरम, आकाश कोचिंग समेत 06 प्रतिष्ठान सील किये गये।