आरयू वेब टीम। पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सोमवार को भाजपा पर उनकी पार्टी को तोड़ने और अभिषेक बनर्जी की हत्या कराने की साजिश का आरोप लगाया है। साथ ही ममता ने चुनौती देते हुए कहा कि अगर अधिकारियों ने टीएमसी नेताओं पर हुए हमलों के खिलाफ कोलकाता में विरोध प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी तो वह अपना विरोध दिल्ली ले जाएंगी।
टीएमसी कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि टीएमसी ने मंगलवार को कोलकाता के रानी रश्मोनी रोड पर विरोध प्रदर्शन करने की अनुमति मांगी थी, लेकिन पुलिस ने अनुमति देने से इनकार कर दिया। उन्होंने इसे राजनीति से प्रेरित बताया और कहा कि वह आंदोलन जारी रखेंगी। साथ ही ममता ने कहा कि ‘टीएमसी और भी ज्यादा मजबूत होगी।
आगे कहा कि आज जो लोग बड़े-बड़े दावे कर रहे हैं कि पार्टी के नेता कार्यकर्ताओं के साथ खड़े नहीं हैं, वे झूठी जानकारी फैला रहे हैं। पूरी तरह से अराजकता फैली हुई है, यहां तक कि हिटलर ने भी ऐसे काम नहीं किए थे। इस स्थिति का वर्णन करने के लिए अब कोई शब्द नहीं बचे हैं। आप कुछ विधायकों और सांसदों को डरा-धमकाकर या रिश्वत देकर टीएमसी को कमजोर नहीं कर सकते, बल्कि इससे तो पार्टी और भी ज्यादा मजबूत हो रही है।’
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इस दौरान भाजपा पर निशाना साधते हुए ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि ये हमले टीएमसी के वरिष्ठ नेताओं को जान से मारने की सोची-समझी साजिश के तहत हुई। उन्होंने कहा, ‘आपने (भाजपा) अभिषेक और कल्याण बनर्जी को जान से मारने की कोशिश की है।’ साथ ही ममता ने आरोप लगाया कि राज्य भर में उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं को राजनीतिक गतिविधियां करने से रोका जा रहा है। उन्होंने कहा, ‘वे हमारे कार्यकर्ताओं को बैठकें करने नहीं दे रहे हैं और हमें बाहर निकलने नहीं दे रहे हैं। उन्होंने टीएमसी के 2,500 कार्यालयों में तोड़फोड़ की है, उन्होंने ईदगाहों पर कब्जा कर लिया है और धार्मिक संस्थानों को बंद कर दिया है




















