मुर्शिदाबाद में मतदान के बीच हुमायूं कबीर से भिड़े TMC कार्यकर्ता

बंगाल
मौके पर मौजूद सुरक्षाबल।

आरयू वेब टीम। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव मतदान के बीच मुर्शिदाबाद जिले में वोटिंग के दौरान हंगामा हुआ। इस दौरान तृणमूल कांग्रेस से अलग हुए हुमायूं कबीर और टीएमसी कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए और टीएमसी कार्यकर्ताओं ने हुमायूं कबीर के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जबकि मौके पर तैनात कार्यकर्ताओं की सुरक्षाकर्मियों के साथ भी धक्का-मुक्की हुई।

बताया जा रहा है कि रेजिनगर सीट से चुनाव लड़ रहे हुमायूं कबीर अपने क्षेत्र की अलग-अलग पोलिंग बूथों पर जा-जाकर जायजा ले रहे हैं, वहां उन्हें टीएमसी के समर्थकों के विरोध प्रदर्शन का सामना करना पड़ रहा है। वहीं मुर्शिदाबाद के नौदा में टीएमसी ब्लॉक अध्यक्ष की हुमायूं कबीर से बहस हुई। जो तीखी नोकझोक में बदल गई।

हुमायूं कबीर ने टीएमसी पर आरोप लगाया है कि ये लोग माहौल बिगाड़ रहे हैं, जिसके बाद टीएमसी समर्थकों ने जमकर नारेबाजी कर विरोध प्रदर्शन किया, लेकिन सुरक्षाकर्मियों के बीच बचाव से हाथापाई होने से बच गई। टीएमसी के कार्यकर्ताओं ने हुमायूं कबीर को भाजपा का एजेंट बताते हुए ‘चोर-चोर’ के नारे लगाए।

गौरतलब है कि हुमायूं कबीर राज्य में होने वाली हर छोटी-बड़ी घटना के लिए सीधे ममता बनर्जी को निशाना बना रहे हैं, उन्हें ही कटघरे में खड़ा कर रहे हैं, जिसके बाद से ही टीएमसी समर्थक उनके खिलाफ हमलावर हैं।

वहीं मुर्शिदाबाद के ही नौदा विधानसभा क्षेत्र में देसी बम फेंका गया था, जिसमें कुछ लोगों के घायल होने की सूचना। वोटिंग के बीच अलग-अलग पार्टियों के समर्थक सड़कों पर निकले हुए हैं, जिन्हें हटाने के लिए सुरक्षाकर्मियों ने कड़ी कार्रवाई की।

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बता दें कि टीएमसी ने अपने विधायक हुमायूं कबीर को दिसंबर 2025 में पार्टी से सस्पेंड कर दिया था क्योंकि उन्होंने मुर्शिदाबाद में ‘बाबरी मस्जिद’ की तर्ज पर एक नई मस्जिद बनाने का विवादित प्रस्ताव रखा था, जिसकी चारों ओर आलोचना हुई थी। हुमायूं कबीर के बयान को सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाला और पार्टी अनुशासन का उल्लंघन माना गया। जब टीएमसी की चेतावनी को उन्होंने इग्नोर कर दिया तो फिर पार्टी ने उन्हें सस्पेंड कर दिया, जिसके बाद उन्होंने अपनी पार्टी बनाई थी।

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