चंद्रशेखर आजाद के खिलाफ गैर-जमानती वारंट, कोर्ट ने संपत्ति जब्त करने का भी दिया आदेश

चंद्रशेखर आजाद

आरयू ब्यूरो, लखनऊ। आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष और नगीना लोकसभा सीट से सांसद चंद्रशेखर आजाद के खिलाफ गाजियाबाद की एमपी-एमएलए कोर्ट ने गैर-जमानती वारंट जारी किया है। कोर्ट ने उनकी संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई के भी आदेश दिए हैं। ये मामला साहिबाबाद थाने में दर्ज वर्ष 2018 के एक केस से जुड़ा है।

रिपोर्ट के मुताबिक मामले की सुनवाई के दौरान चंद्रशेखर आजाद अदालत में पेश नहीं हुए। लगातार गैरहाजिरी के बाद अदालत ने उनके खिलाफ गैर- जमानती वारंट जारी किया। कोर्ट के आदेश के बाद अब मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया पुलिस और संबंधित न्यायिक प्रावधानों के तहत आगे बढ़ेगी।

दरअसल ये मामला साहिबाबाद इलाके में वर्ष 2018 में एक शादी समारोह के दौरान कथित मारपीट से संबंधित है। शिकायतकर्ता पक्ष की ओर से चंद्रशेखर और उनके साथियों पर मारपीट समेत अन्य आरोप लगाए गए थे। मामले की सुनवाई गाजियाबाद की एमपी-एमएलए कोर्ट में चल रही है। रिपोर्टों में शिकायतकर्ता के वकील के हवाले से कहा गया है कि चंद्रशेखर आजाद को अदालत में पेश होने के लिए पहले भी समन जारी किए गए थे।

सुनवाई के दौरान उनकी लगातार अनुपस्थिति के बाद गैर-जमानती वारंट की कार्रवाई की गयी। इस दौरान गैर-जमानती वारंट जारी करने के साथ कोर्ट ने उनकी संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई के भी आदेश दिए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, ये कार्रवाई अदालत में लगातार पेश नहीं होने से जुड़ी न्यायिक प्रक्रिया के तहत की गयी है।

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बता दें कि साल 2018 में साहिबाबाद के एक शादी समारोह में हुए विवाद के बाद धर्मेंद्र नामक व्यक्ति की ओर से शिकायत दर्ज करायी गयी थी। शिकायत पक्ष ने चंद्रशेखर आजाद और उनके साथियों पर मारपीट और धमकी देने के आरोप लगाए थे। हालांकि इन आरोपों का अंतिम निर्धारण अदालत में होने वाली सुनवाई और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही होगा।

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