सीएम योगी ने कहा, वापस आ रहा अयोध्‍या व संभल का वैभव

सीएम योगी
कार्यक्रम को संबोधित करते सीएम योगी।

आरयू ब्यूरो, लखनऊ। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को अयोध्या में आयोजित कार्यक्रम के दौरान विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। अपने संबोधन में योगी ने देश के विभाजन से लेकर संभल और अयोध्या के मुद्दे तक कई उदाहरण दिए। साथ ही कहा आज संभल और अयोध्या दोनों का वैभव दोबारा वापस आ रहा है। सीएम योगी ने कहा कि इतिहास से सबक नहीं लिया गया तो समाज को फिर बांटने की कोशिशें सफल हो सकती हैं। सीएम ने लोगों से ऐसी ताकतों को पहचानने और एकजुट रहने की अपील की।

दिया पांच सौ साल पुराना उदाहरण

अपने संबोधन में सीएम योगी ने कहा कि 1947 में भी सनातन के पास बल, बुद्धि और वैभव सबकुछ था। तब भी हम भाषा, जाति के नाम पर बंट गए थे। आज भी पाकिस्तान और बांग्लादेश में हिंदू काटे जा रहे हैं। संभल का पांच सौ साल पुराना उदाहरण देते हुए सीएम योगी ने कहा कि 1526 में संभल के हरिहर मंदिर को तोड़ ढांचा खड़ा किया गया था। अगर उस समय संभल में उसका प्रतिकार किया गया होता तो 1528 में आयोध्या मंदिर को तोड़कर सनातनी समाज को अपमानित करने और यहां ढांचा खड़ा करने का दुस्साहस कोई नहीं करता। आज संभल और अयोध्या दोनों का वैभव दोबारा वापस आ रहा है।

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बिजली को तरसता था अयोध्‍या

योगी ने यूपी की पिछली सरकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि पहले अयोध्या बिजली को तरस्ता था। सरयू के घाटों पर गंदगी फैली रहती थी। श्रद्धालु नाक बंदकर डुबकी लगाकर निकलता था। आज अयोध्या पूरी तरह से बदल चुकी है, जिस तरह से श्रीराम का राज तिलक के समय मंथरा और कैकई बनकर कोई आया और वनवास दे दिया। आज वही हो रहा है, बस चेहरे बदल चुके हैं, जो लोग रामभक्तों पर गोलियां और लाठियां चलाने में संकोच नहीं करते थे आज रामनाम जप रहे हैं। हम इन कालनेमियों को पहचानना होगा।

अयोध्या में SIT का हुआ गठन

सीएम योगी ने चढ़ावा चोरी पर चर्चा करते हुए कहा कि जैसे ही मामला सामने आया तीर्थ क्षेत्र के कहने पर एसआइटी का गठन हुआ। कार्रवाई हो रही है। दोषियों पर कार्रवाई के लिए सरकार ने संकल्प लिया है, जो लोग राम मंदिर आने का विरोध करते हैं और जो गोलियों को चलाने पर परहेज करते हैं। वे आज रामभक्तों के सामने धूल  झोंकने का काम करते हैं।

पाकिस्तान-बांग्लादेश का भी किया जिक्र

वहीं मुख्यमंत्री ने पाकिस्तान और बांग्लादेश में हिंदुओं की स्थिति का मुद्दा उठाते हुए कहा कि भारत की घटनाओं पर सवाल उठाने वाले कुछ लोग पड़ोसी देशों में अल्पसंख्यकों के खिलाफ होने वाली हिंसा पर चुप रहते हैं। उन्होंने कहा कि देश के बंटवारे के समय आम लोगों को भारी कीमत चुकानी पड़ी थी। उन्होंने कहा कि आज भी समाज को जाति और भाषा के आधार पर बांटने की राजनीति से सावधान रहने की जरूरत है।

आजादी के समय नरेंद्र मोदी…

सीएम योगी ने कहा कि अगर आजादी के समय देश का नेतृत्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या सरदार वल्लभभाई पटेल जैसे मजबूत नेतृत्व के हाथ में होता तो विभाजन के दौरान बड़े पैमाने पर हुई हिंसा और जनहानि को रोका जा सकता था। उन्होंने अनुच्छेद 370 हटाने और नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई का जिक्र करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें देश की एकता और सुरक्षा को प्राथमिकता दे रही हैं। सीएम  ने लोगों से अपील की कि वे जाति, भाषा और क्षेत्र के आधार पर होने वाले राजनीतिक ध्रुवीकरण से सावधान रहें।

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