आरयू ब्यूरो, लखनऊ। यूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या ने संसद में विपक्ष के प्रदर्शन को लेकर समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा। केशव मौर्या ने आज सपा पर हिंदू विरोधी रुख अपनाने, अपराधियों और दंगाइयों के साथ खड़े होने और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाली ताकतों को संरक्षण देने जैसे आरोप लगाए। डिप्टी सीएम ने कहा कि समाजवादी पार्टी फिलहाल उत्तर प्रदेश में सरकार बनाने की स्थिति में नहीं है।
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केशव मौर्या ने अपने एक बयान में आरोप लगाया कि सपा मुस्लिम वोटों को अपने पक्ष में मजबूत करने के लिए तुष्टिकरण की राजनीति कर रही है। डिप्टी सीएम के मुताबिक, ऐसी राजनीति के जरिए प्रदेश में कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाला माहौल बनाने की कोशिश की जा रही है। साथ ही कहा कि यूपी अब सुशासन और विकास के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है और सरकार इसी दिशा में काम करती रहेगी।
सपा पर हमला बोलते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि सपा का इतिहास अपराधियों और दंगाइयों के पक्ष में खड़े होने का रहा है। सपा ने अपने राजनीतिक हितों के लिए ऐसे लोगों को संरक्षण दिया।
छात्रों की मांगों को सरकार को सुनना चाहिए
इस दौरान डिप्टी सीएम ने झारखंड में छात्रों के आंदोलन को लेकर राहुल गांधी पर हमला बोला है। साथ ही कहा कि छात्रों का प्रदर्शन जायज है और वहां भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। केशव मौर्या ने कहा कि छात्रों की मांगों को सरकार को बातचीत के जरिए सुनना चाहिए और उनकी समस्याओं का समाधान निकालना चाहिए।
झारखंड सरकार राहुल गांधी के निर्देश पर कर ही काम
इस दौरान केशव मौर्या ने झारखंड की स्थिति की तुलना दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शन से करते हुए कहा कि जंतर-मंतर पर छात्रों के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार ने बातचीत का रास्ता अपनाया और उनकी मांगों पर सहमति बनाई। इसके उलट उन्होंने आरोप लगाया कि झारखंड सरकार छात्रों की मांगों को लेकर कठोर रुख अपना रही है। इतना ही नहीं झारखंड सरकार राहुल गांधी के निर्देश पर काम कर रही है।
छात्रों के मुद्दे को राजनीतिक नजरिए से नहीं…
वहीं डिप्टी सीएम ने विपक्ष पर दोहरे रवैये का आरोप लगाते हुए कहा कि संसद में जंतर-मंतर से जुड़े मुद्दे पर प्रदर्शन किया जा रहा है, लेकिन झारखंड में छात्रों के आंदोलन को लेकर विपक्ष चुप है। जबकि छात्रों के मुद्दे को राजनीतिक नजरिए से नहीं, बल्कि उनकी समस्याओं और भविष्य से जोड़कर देखा जाना चाहिए।




















